हम, तुम और शर्लाक होल्म्स

मैं बस में सफ़र कर रहा था। बगल में एक लड़की आकर बैठी।
“बेटे, लड़की के हाथ में ‘The Telegraph’ है, तेरी तो निकल पड़ी। ऐसी फर्राटेदार इंग्लिश बोलने वाली ही चाहिए थी ना तुझे?” मैंने अपने आप से कहा।
“देख बेटा, इस से बेहतर मौक़ा नहीं मिलेगा। आज से पहले तक खूबसूरत लड़कियाँ सिर्फ़ चेतन भगत के क़रीब बैठती थीं। आज भगवान ने ये मौक़ा तुझे भी दिया है मेरी जान। भाई तो अपना stud है ही।”
“लेकिन यार, ये अपने स्टैंडर्ड से थोड़ी ऊंची लगती है। हम तो भगवान से ‘Times of India’ पढ़ने वाली लड़की माँग रहे थे, भगवान ने तो सीधे ‘The Telegraph’ वाली थमा दी।”
“पहले कुछ जान लें ज़रा इन मोहतरमा को। इनकी पसंद, नापसंद, आदतें।”
“भाई तो अपना शेरलॉक होल्मस का जबरा फैन है। ऊपर से नीचे तक ऑब्सर्व कर लड़की को भाई। बस अपने शेरलॉक भाउ का एक rule याद रखियो, “Once you strike out everything that is impossible, whatever remains, however improbable, must be the truth. मतलब कॉन्फिडेन्स से लड़की के सामने जो बकतोती करोगे, लड़की उसे सही मान लेगी।”
“इतना सोच क्या रहा है? अपना भाई तो शेर है, किसी लड़की को अपनी मोहब्बत में चुटकियों में लॉक कर लेगा।”
“इसने पेपर बायें हाथ में पकड़ा है, मोबाइल भी बायें हाथ में है, और घड़ी भी। इसका मतलब है कि ये बंदी left handed है। मोबाइल सिम्पल सा है, इसका ये मतलब है कि इसके purse में एक स्मार्टफोन ज़रूर होगा। हिन्दू है, दाएं हाथ पर धागा बंधा हुआ है।”
“भाई, ये लड़की तो अमीर लगती है।”
“नहीं, मिडिल क्लास घराने की है। जूते देख, कितने घिसे हुए हैं। अमीर लोग Rayban के original वाले चश्मे पहनते हैं। इसने जो पहन रखा है वो डुप्लीकेट है, जो स्टेशन पर 120 रुपये में मिलता है। इसकी जींस पर मिट्टी लगी हुई है और बालों में भी धूल है, इसका मतलब ये है कि ये ज़रूर कोई लंबा सफ़र करके आ रही है। शायद दिल्ली में रहती है, क्योंकि जिस ब्रैंड की jeans इसने पहन रखी है, वो specifically दिल्ली और उसके आस पास के इलाक़ों में मिलती है।”
“क्या मैं पेपर देख सकता हूँ?” मैंने उस लड़की से कहा।
“ये लड़की तो इस वक़्त खुशी से पागल हो रही होगी। ‘The Telegraph’ की इंग्लिश पढ़ने वाले लड़के कितने मिलेंगे उसे, और जब मैं उसे अपनी observational skills के बारे में बताऊंगा, तब तो ये लट्टू हो जायेगी मुझ पर।”
“यार, मुझे इस में रब दिखने लगा है। इश्क़ वाला लव हो गया है इस से।”
पहली पहली बार मोहब्बत की है। कुछ ना समझ में आये मैं क्या करूँ।
जब मैंने आस-पास देखा तो एहसास हुआ कि ये गाना उस लड़की के मोबाइल का रिंगटोन था।
“हाँ, निशा, हम कुछ देर में कोचिंग पहुंच जायेंगे,” उस लड़की ने फोन पर शायद अपनी सहेली से कहा।
“हाँ वहीं से हम घूमने चलेंगे। क्या, तुम टिफिन लेना भूल गयी? अच्छा, फ़िक्र मत करो। हमनें पेपर ले लिया है। आलू भुर्झी और लिट्टी चोखा पैक करा लेंगे पेपर में।”
कहकर वो लड़की bunty tutorials के सामने उतर गयी।
हम गुस्से से लाल पीले हो रहे थे।
“शेरलॉक होल्मस की ऐसी की तैसी। भगवान क़सम अब कभी शेरलॉक होल्मस नहीं देखेंगे।”

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